अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से बनी एक बेहद नाटकीय मिलिट्री फोटो शेयर की है। इस तस्वीर में ट्रंप एक नौसैनिक जहाज के डेक पर ‘कमांडर इन चीफ’ के रूप में खड़े नजर आ रहे हैं और दूरबीन से समुद्र की ओर देख रहे हैं।
बैकग्राउंड में अमेरिकी युद्धपोतों का एक बड़ा बेड़ा उबड़-खाबड़ पानी में आगे बढ़ता दिख रहा है और आसमान में लड़ाकू विमान सफेद धुआं छोड़ते हुए उड़ रहे हैं। डूबते सूरज की रोशनी और जहाजों पर लहराते अमेरिकी झंडे इस फोटो को और भी ज्यादा सिनेमाई बना रहे हैं। ट्रंप ने इस तस्वीर के साथ कैप्शन में लिखा, “आप भ्रमित हो रहे हैं।”
ईरान के साथ आज ऐतिहासिक शांति समझौते का दावा
ट्रंप ने यह पोस्ट ऐसे समय पर की है जब अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत में सफलता मिलने की उम्मीदें काफी बढ़ गई हैं। ट्रंप ने दावा किया कि रविवार को एक ऐतिहासिक शांति समझौते पर हस्ताक्षर होने जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह समझौता ईरान को परमाणु हथियार बनाने से रोकने के लिए एक मजबूत दीवार की तरह काम करेगा। इसके साथ ही उन्होंने चेतावनी भरे लहजे में यह भी कहा कि अगर यह डील कामयाब नहीं होती है, तो अमेरिका के पास एक आखिरी और बड़ा विकल्प हमेशा तैयार है।
पूर्व राष्ट्रपति ओबामा की डील पर साधा निशाना
डोनाल्ड ट्रंप ने पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा की ईरान न्यूक्लियर डील की जमकर आलोचना की। उन्होंने कहा, “ओबामा की वो डील ईरान के लिए परमाणु हथियार हासिल करने का एक बेहद आसान और सुगम रास्ता थी। अगर वो डील रहती, तो ईरान को छह साल पहले ही परमाणु हथियार मिल गए होते और वह कब का इसका इस्तेमाल भी कर चुका होता।”
ट्रंप ने दावा किया कि उनकी नई डील इसके ठीक उलट है। इस समझौते के बाद ईरान किसी भी कीमत पर न्यूक्लियर वेपन नहीं बना पाएगा और डील साइन होते ही होर्मुज जलडमरूमध्य का समुद्री रास्ता भी पूरी दुनिया के लिए खुल जाएगा।
ईरान ने किया रविवार को साइन करने से इनकार
एक तरफ जहां ट्रंप रविवार को ही समझौते पर मुहर लगाने की बात कह रहे हैं, वहीं ईरान ने रविवार को किसी भी तरह के हस्ताक्षर समारोह की खबरों को खारिज कर दिया है। ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बगाई ने स्पष्ट किया कि आने वाले दिनों में दोनों देशों के बीच समझौता जरूर हो सकता है, लेकिन इस समझौते पर रविवार को हस्ताक्षर नहीं किए जा रहे हैं।
