स्थानीय प्रशासन ने बाद में स्पष्ट किया कि यह एक मामूली ड्रोन घटना थी और इसमें किसी के घायल होने की सूचना नहीं मिली है। दुबई सरकार के मीडिया कार्यालय ने बताया कि अल बदाअ इलाके में हुई इस घटना के बाद सुरक्षा एजेंसियां तुरंत सक्रिय हो गई थीं और हालात को नियंत्रण में ले लिया गया।
गौरतलब है कि जिस इलाके में यह घटना हुई है वह दुबई का सबसे व्यस्त और आधुनिक इलाका माना जाता है। यही क्षेत्र दुनिया की सबसे ऊंची इमारत बुर्ज खलीफा, विशाल दुबई मॉल और मशहूर दुबई फाउंटेन जैसे प्रमुख आकर्षणों के लिए जाना जाता है।
बता दें कि यह घटना ऐसे समय सामने आई है जब मध्य पूर्व में चल रहे संघर्ष के कारण पूरे खाड़ी क्षेत्र में तनाव की स्थिति बनी हुई है। मौजूद जानकारी के अनुसार फरवरी के अंतिम सप्ताह में युद्ध जैसी स्थिति बनने के बाद से अब तक खाड़ी क्षेत्र में ईरान की ओर से कई हमले किए गए हैं, जिनमें दर्जनों लोगों की मौत की खबरें सामने आई।
इसी बढ़ते तनाव के बीच दुबई में स्थित कई अंतरराष्ट्रीय वित्तीय संस्थानों और तकनीकी कंपनियों ने अपने कर्मचारियों के लिए अतिरिक्त सुरक्षा उपाय लागू कर दिए हैं। कई कंपनियों ने कर्मचारियों को घर से काम करने की सलाह दी है और आपात स्थिति से निपटने के लिए अपने वैकल्पिक प्रबंधन योजनाओं की समीक्षा भी शुरू कर दी है।
गौरतलब है कि हाल ही में दुबई में स्थित अमेरिका के वाणिज्य दूतावास के पास हुए एक हमले के बाद अमेरिका ने अपने राजनयिक मिशनों की गतिविधियों को सीमित कर दिया था। मौजूद जानकारी के अनुसार अबू धाबी स्थित अमेरिकी दूतावास और दुबई स्थित वाणिज्य दूतावास में नियमित सेवाएं अस्थायी रूप से रोक दी गई।
बताया जा रहा है कि अमेरिका ने अपने नागरिकों को भी सलाह दी है कि यदि संभव हो तो वे सुरक्षित तरीके से देश छोड़ने पर विचार करें। वहीं मार्च के शुरुआती दिनों में अमेरिकी प्रशासन ने गैर जरूरी सरकारी कर्मचारियों और उनके परिवारों को देश छोड़ने का निर्देश भी दिया था।
इसी बीच ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स ने क्षेत्र में रहने वाले लोगों को अमेरिकी बैंकों और संस्थानों से दूरी बनाए रखने की चेतावनी दी है। बताया जा रहा है कि यह चेतावनी उस घटना के बाद जारी की गई जब इजरायल की ओर से ईरान के एक बैंक को निशाना बनाए जाने की खबर सामने आई थी।
मौजूद जानकारी के अनुसार दुबई के अंतरराष्ट्रीय वित्तीय केंद्र में स्थित कई बड़े कार्यालयों ने भी अपने कर्मचारियों को सतर्क रहने और सुरक्षा निर्देशों का पालन करने को कहा है। हालांकि वहां स्थित इमारतों और दफ्तरों को खाली नहीं कराया गया है और सामान्य गतिविधियां जारी बताई जा रही हैं।
इसी तरह खाड़ी क्षेत्र में काम कर रही कई बड़ी तकनीकी कंपनियों ने भी अपने कर्मचारियों को सुरक्षा को प्राथमिकता देने की सलाह दी है। कुछ कंपनियों ने आवश्यक तकनीकी ढांचे की निगरानी करने वाले सीमित कर्मचारियों को छोड़कर बाकी स्टाफ को घर से काम करने का निर्देश दिया है।
गौरतलब है कि ईरान की ओर से हाल ही में यह भी कहा गया है कि उन अमेरिकी कंपनियों के दफ्तर और ढांचे को संभावित लक्ष्य माना जा सकता है जिनकी तकनीक का उपयोग सैन्य गतिविधियों में किया गया है या जिनका संबंध इजरायल से बताया जाता है।