– समय पर शिकायत दर्ज कराने वाले पीड़ितों को मिली राहत, पुलिस ने की सतर्क रहने की अपील
– एनसीआरपी पोर्टल, न्यायालय और बैंकों के समन्वय से ठगी की रकम कराई वापस
CITY NEWS FATEHPUR
फतेहपुर(CNF)। साइबर अपराधियों के खिलाफ लगातार प्रभावी कार्रवाई कर रही पुलिस ने एक बार फिर बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक के कुशल निर्देशन में जनपदीय साइबर सेल ने ऑनलाइन ठगी का शिकार हुए 17 पीड़ितों की कुल 1,74,163 की धनराशि उनके बैंक खातों में वापस कराकर यह साबित कर दिया कि समय पर शिकायत और पुलिस की त्वरित कार्रवाई से साइबर अपराधियों के मंसूबों पर पानी फेरा जा सकता है।
पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक के निर्देश पर साइबर अपराधों की रोकथाम और पीड़ितों को शीघ्र न्याय दिलाने के उद्देश्य से जनपदीय साइबर सेल लगातार सक्रिय है। अपर पुलिस अधीक्षक एवं क्षेत्राधिकारी अपराध के निकट पर्यवेक्षण में साइबर टीम ने एनसीआरपी पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों की गहन जांच की। इसके बाद न्यायालय के आदेश, संबंधित बैंकों और विभिन्न एजेंसियों से समन्वय स्थापित कर 16 जून से 30 जून के बीच 17 पीड़ितों के खातों में ठगी की पूरी धनराशि वापस कराई गई। पुलिस के मुताबिक वापस कराई गई राशि में एनसीआरपी पोर्टल, न्यायालय के आदेश और बैंकिंग प्रक्रिया के माध्यम से धनराशि रिलीज कराई गई। लाभार्थियों में जिले के ललौली, बिंदकी, खागा, चांदपुर, राधानगर, थरियांव, कल्याणपुर सहित विभिन्न थाना क्षेत्रों के लोग शामिल हैं। किसी के 50 हजार, किसी के 45 हजार तो किसी के हजारों रुपये वापस कराकर साइबर सेल ने पीड़ित परिवारों को बड़ी राहत पहुंचाई। धनराशि वापस मिलने के बाद सभी पीड़ितों ने फतेहपुर पुलिस, पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक और जनपदीय साइबर सेल का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यदि समय पर कार्रवाई न होती तो उनकी मेहनत की कमाई वापस मिलना मुश्किल था। पुलिस की इस त्वरित और प्रभावी कार्रवाई से आमजन का भरोसा भी मजबूत हुआ है। पुलिस अधीक्षक ने जनपदवासियों से अपील की है कि किसी भी अज्ञात कॉल, लिंक, फर्जी निवेश योजना, केवाईसी अपडेट, ओटीपी या बैंक संबंधी जानकारी किसी के साथ साझा न करें। यदि कोई व्यक्ति साइबर ठगी का शिकार होता है तो वह बिना देर किए 1930 साइबर हेल्पलाइन या एनसीआरपी पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराए। समय रहते सूचना मिलने पर धनराशि वापस कराने की संभावना काफी बढ़ जाती है। उन्होंने कहा कि पुलिस साइबर अपराधियों के खिलाफ आगे भी इसी तरह सख्त कार्रवाई करती रहेगी और पीड़ितों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराएगी।
