लोन पर खरीदी गाड़ी की करीब एक लाख रुपये की किश्त बाकी होने की बात, परिजनों ने जताया वसूली के दबाव का आरोप
CITY NEWS FATEHPUR
फतेहपुर(CNF)। जाफरगंज थाना क्षेत्र के रणमस्तपुर गांव में आर्थिक परेशानी से जूझ रहे एक किसान की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत से सनसनी फैल गई। गुरुवार को उसका शव गांव से करीब एक किलोमीटर दूर खेत में नीम के पेड़ से फंदे पर लटका मिला। सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का माना जा रहा है, जबकि पुलिस विभिन्न पहलुओं से जांच कर रही है।
रणमस्तपुर गांव निवासी स्वर्गीय बच्छराज के 51 वर्षीय पुत्र बड़ेलाल बुधवार शाम घर से निकले थे। देर रात तक वापस न लौटने पर परिजनों ने उनकी तलाश शुरू की। खोजबीन के दौरान गांव से करीब एक किलोमीटर दूर रामरतन के खेत में नीम के पेड़ से उनका शव फंदे पर लटका मिला। शव देखते ही परिजनों में कोहराम मच गया। ग्रामीणों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और आवश्यक कार्रवाई के बाद शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे परिजनों और ग्रामीणों ने बताया कि बड़ेलाल ने लोन पर गाड़ी खरीदी थी। बताया गया कि उसकी करीब एक लाख रुपये की किश्त अभी बाकी थी। परिजनों का आरोप है कि किश्त जमा करने को लेकर लोन एजेंसी के लोग उस पर लगातार दबाव बना रहे थे। उनका कहना है कि आर्थिक तंगी और किश्त चुकाने की चिंता को लेकर बड़ेलाल पिछले कुछ समय से मानसिक तनाव में था।
ग्रामीणों के मुताबिक, कर्ज की अदायगी को लेकर बढ़ती परेशानी ने उसकी चिंता और बढ़ा दी थी। इसी बीच बुधवार शाम वह घर से निकला और वापस नहीं लौटा। हालांकि लोन एजेंसी अथवा बैंक की ओर से दबाव बनाए जाने के आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है। पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही मौत की वास्तविक वजह स्पष्ट हो सकेगी। घटना के बाद गांव में भी आर्थिक तंगी और कर्ज के दबाव को लेकर चर्चाएं शुरू हो गई हैं। किसान की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
