– छापेमारी में उजागर हुआ था वाहन संबंधी कामों के नाम पर कथित वसूली का मामला
– 35,240 रुपये नकद मिलने के बाद डीएम की रिपोर्ट पर परिवहन विभाग ने की कार्रवाई
CITY NEWS FATEHPUR
फतेहपुर(CNF)। सरकारी कार्यालय में कथित अवैध वसूली के मामले ने परिवहन विभाग में हलचल मचा दी है। सहायक संभागीय परिवहन कार्यालय में सामने आई अनियमितताओं के मामले में विभाग ने सख्त रुख अपनाते हुए एआरटीओ प्रशासन रंजीत सिंह और लिपिक शुभम सिंह को निलंबित कर दिया है। जिलाधिकारी की रिपोर्ट के आधार पर हुई इस कार्रवाई के बाद विभागीय महकमे में चर्चाएं तेज हो गई हैं।
मामले की शुरुआत तीन सितंबर को हुई छापेमारी से हुई थी। अपर जिलाधिकारी विनय पांडेय और अपर पुलिस अधीक्षक ज्ञान प्रकाश राय की संयुक्त टीम ने एआरटीओ कार्यालय में अचानक पहुंचकर जांच की तो परिसर में अफरा-तफरी मच गई। कार्रवाई के दौरान टीम ने चार संदिग्ध व्यक्तियों को पकड़ा। इनके पास से 35,240 रुपये नकद बरामद किए गए थे।
आरोप था कि कार्यालय में आने वाले लोगों से वाहन पंजीकरण और ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने के नाम पर पैसे लिए जा रहे थे। प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन ने जांच कर अपनी रिपोर्ट जिलाधिकारी को भेजी। इसके बाद जिलाधिकारी की रिपोर्ट के आधार पर परिवहन विभाग ने एआरटीओ प्रशासन रंजीत सिंह और लिपिक शुभम सिंह को निलंबित करने का निर्णय लिया।
विभागीय जांच से तय होगी आगे की कार्रवाई
दो कर्मचारियों के निलंबन के साथ ही मामले में विभागीय कार्रवाई भी शुरू कर दी गई है। अब जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों पर आगे का निर्णय निर्भर करेगा। इस कार्रवाई को सरकारी कार्यालयों में पारदर्शिता बनाए रखने और कथित अनियमितताओं पर अंकुश लगाने के प्रयास के रूप में देखा जा रहा है।
