फोटो परिचय- बारिश के बाद पुरानी जीटी रोड पर जाम में फंसे वाहन।
– पुरानी जीटी रोड पर वाहनों की कतार, स्कूली बस और एंबुलेंस भी जाम में फंसी
– बेतरतीब पार्किंग और जलभराव से बिगड़ी स्थिति, पुलिस ने संभाली कमान
CITY NEWS FATEHPUR
फतेहपुर(CNF)। बुधवार दोपहर अचानक हुई तेज बारिश ने शहर की यातायात व्यवस्था की रफ्तार पर ब्रेक लगा दिया। करीब आधे घंटे की मूसलाधार बारिश के बाद सड़कों पर जलभराव हुआ तो वाहनों का दबाव बढ़ते ही प्रमुख मार्गों पर यातायात उलझ गया। पुरानी जीटी रोड पर हालात सबसे ज्यादा खराब रहे। ज्वालागंज से सदर अस्पताल तक वाहनों की लंबी कतार लग गई और कुछ मिनट का रास्ता तय करने में लोगों को आधे घंटे से अधिक समय लग गया।
सुबह मौसम सामान्य था और धूप खिली हुई थी। दोपहर करीब 12 बजे अचानक बादल घिर आए और तेज बारिश शुरू हो गई। थोड़ी देर में ही शहर के कई हिस्सों में सड़कें पानी से भर गईं। बारिश बंद होने के बाद स्कूलों की छुट्टी का समय होने के कारण सड़कों पर वाहनों की संख्या अचानक बढ़ गई। पुरानी जीटी रोड पर पहले से मौजूद जलभराव ने यातायात की रफ्तार को और धीमा कर दिया।
सदर अस्पताल तिराहे से बाकरगंज तक बिगड़े हालात
सदर अस्पताल तिराहे से बाकरगंज की ओर सड़क के दोनों किनारों पर बेतरतीब तरीके से खड़े चार पहिया वाहनों ने स्थिति को और जटिल कर दिया। सड़क पर सीमित जगह बचने के कारण दोनों ओर से आने वाले वाहनों को निकलने में परेशानी होने लगी। देखते ही देखते पुरानी जीटी रोड पर वाहनों की लंबी कतार लग गई।
स्कूलों की छुट्टी के बाद कई बसें एक साथ सड़क पर पहुंचीं तो जाम और बढ़ गया। पुरानी तहसील के समीप जलभराव और अव्यवस्थित पार्किंग के बीच एक स्कूली बस फंस गई। इसी दौरान मरीज को लेकर जा रही एंबुलेंस भी जाम में अटक गई। एंबुलेंस को रास्ता दिलाने के लिए पुलिस कर्मियों को काफी मशक्कत करनी पड़ी। जाम में फंसे स्कूली बच्चे भी काफी देर तक परेशान होते रहे।
पुलिस ने संभाला मोर्चा, धीरे-धीरे सामान्य हुआ यातायात
जाम की सूचना मिलते ही यातायात पुलिस के जवान मौके पर पहुंचे और सड़क पर फंसे वाहनों को व्यवस्थित कराने में जुट गए। अन्य पुलिस कर्मियों ने भी मोर्चा संभालते हुए वाहनों को एक-एक करके आगे बढ़ाया। काफी प्रयास के बाद वाहनों का दबाव कम हुआ और यातायात धीरे-धीरे सामान्य हो सका।
राहगीरों का कहना था कि बारिश के बाद जलभराव तो परेशानी का कारण बना ही, लेकिन सड़क के किनारे बेतरतीब तरीके से खड़े वाहनों ने समस्या को गंभीर कर दिया। लोगों ने प्रमुख मार्गों पर अवैध व गलत पार्किंग के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई किए जाने की मांग की, ताकि बारिश के बाद यातायात व्यवस्था इस तरह न चरमराए।
