CITY NEWS FATEHPUR
फतेहपुर(CNF)। सामूहिक दुष्कर्म के एक चर्चित मामले में न्यायालय ने तीन दोषी अभियुक्तों को 10-10 वर्ष के कठोर कारावास एवं प्रत्येक पर 18 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। पुलिस की वैज्ञानिक विवेचना, साक्ष्यों के सटीक संकलन और प्रभावी पैरवी के चलते अभियुक्तों को यह सजा दिलाई जा सकी।
जानकारी के अनुसार थाना बकेवर में वर्ष 2019 में वादिनी की तहरीर पर मु.अ.सं. 255/2019 धारा 323, 376डी, 504 एवं 506 भादवि के तहत रामसजीवन, रावेंद्र पुत्रगण चैतू निवासी देवमई, रामनरेश पुत्र स्व. राजाराम निवासी अवखेरी खेड़ा, थाना बकेवर के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया गया था। विवेचना पूर्ण होने के बाद आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया गया। पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश के निर्देश तथा पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक के निर्देशन में संचालित ऑपरेशन कन्विक्शन के अंतर्गत इस मामले की लगातार मॉनिटरिंग की गई। स्थानीय पुलिस, मॉनिटरिंग सेल और अभियोजन पक्ष द्वारा न्यायालय में प्रभावी पैरवी की गई। शनिवार को एएसजे/एफटीसी-01 फतेहपुर न्यायालय ने मामले की सुनवाई पूरी करते हुए तीनों अभियुक्तों को दोषी करार दिया। न्यायालय ने उन्हें सामूहिक दुष्कर्म सहित अन्य धाराओं में दोषसिद्ध पाते हुए 10-10 वर्ष के कठोर कारावास तथा प्रत्येक पर 18000 के अर्थदंड की सजा सुनाई। इस सफलता में मॉनिटरिंग सेल प्रभारी निरीक्षक श्रवण कुमार सिंह, उपनिरीक्षक अश्विनी वर्मा, कांस्टेबल रोहित राजावत, जितेंद्र सिंह, विवेक कुमार, विवेचक उपनिरीक्षक बृजेश कुमार सिंह, पैरोकार कांस्टेबल अनुज यादव, कोर्ट मुहर्रिर विशाल सिंह तथा एपीओ महेंद्र सिंह की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस अधिकारियों ने कहा कि ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत चिन्हित गंभीर अपराधों में दोषियों को त्वरित एवं प्रभावी सजा दिलाने का अभियान आगे भी जारी रहेगा, ताकि अपराधियों में कानून का भय बना रहे और पीड़ितों को शीघ्र न्याय मिल सके।
