ईरान और अमेरिका के बीच आमने-सामने की बड़ी जंग तय है। हालात ऐसे बनते जा रहे हैं कि दोनों ही तरफ से सुलह समझौते की कोई गुंजाइश कामयाब होती नहीं दिख रही। ऐसे में जहां अमेरिका इसराइल अपने सहयोगियों के साथ खुफिया तैयारियां अंजाम दे रहा है, वहीं ईरान में भी आवाम में जोश है और वह भी आर-पार के मूड में काफी वक्त से चल रहे हैं। इस बीच ईरान ने अपने दुश्मन को चिढ़ाने के लिए कोई कसर बाकी नहीं रखी है। इसके लिए होल्डिंग और साइन बोर्ड का वहां खूब इस्तेमाल किया जाता है। बाद में सोशल मीडिया और मीडिया के जरिए इसे प्रचारित किया जाता है। इस बार भी तेहरान के एक चौक पर एक बड़ी इमारत पर एक होल्डिंग लगाया गया है जिसमें प्रेसिडेंट ट्रम्प का आधा चेहरा दिखाया गया है और उनके होंठ के करीब नीचे समंदर की तरह नीला कपड़ा दिखाया गया है जिसकी सिलाई ऐसी दिखाई गई है कि वह होंठ के साथ-साथ कपड़े को भी ऐसा सिल रही है जिससे कि होर्मुज का संकरा रास्ता बनता दिखता है। विशाल होल्डिंग पर तस्वीर के किनारे फारसी और इंग्लिश में लिखा है एट द ब्रेकिंग पॉइंट। ईरानी मीडिया प्रेस टीवी पर आईआरजीसी ने इमारत पर लगी होल्डिंग की तस्वीर शेयर करते हुए अमेरिका को चैलेंज किया है कि मैदान में आकर देख लो। दरअसल यह होर्मुज पर कंट्रोल के अमेरिकी दावों पर आईआरजीसी का तंज है। ट्रंप बीच-बीच में अपने बयानों में दावा करते रहते हैं कि होर्मुज पर अब भी अमेरिका का दखल है। इसी का जवाब ईरान ने इस होर्डिंग के जरिए इस अंदाज में दिया है कि आओ मैदान में आकर देख लो होर्मुज पर किसका ताला लगा है और किसका मुंह बंद है।

जहाज किसकी मर्जी से चल रहे हैं यह भी पता चल जाएगा। ईरान में प्लेबोर्ड या होर्डिंग के जरिए इसी तरह दुश्मन को मैसेज दिया जाता है। जंग से काफी पहले भी तेहरान में इसी तरह के होर्डिंग लिखे हुए थे जिसमें इसराइल और अमेरिका के लिए लिखा था यू आर वॉर सीकर वी आर वॉर एक्सपर्ट। इसमें दुश्मन के रूप में अमेरिकी प्रेसिडेंट और नेतन्याहू के पोस्टर को लगाया गया है। यही नहीं बल्कि ईरानी आवाम चाहती है कि इसराइल को भी मुंहतोड़ जवाब दिया जाए। इस वक्त अमेरिका में मिड टर्म इलेक्शन की धूम है और कयास यह लग रहे हैं कि इलेक्शन के बाद ट्रंप और ज्यादा ताकत और आक्रामकता के साथ ईरान पर हमला करेंगे। ईरान ट्रंप के गले की फांस बन गया है। आठ माह बाद भी ईरान सिर पर सवार है और उनका इस्लामिक रेवोल्यूशन का नेतृत्व बरकरार है। ऐसे में अमेरिकी अखबार वॉर स्ट्रीट जनरल का मानना है कि उनके पास यह रिपोर्ट है कि ईरान यह देखेगा कि मिड टर्म इलेक्शन के बाद प्रेसिडेंट ट्रंप ने ईरान पर अगर इसराइल के साथ मिलकर वापस अटैक किया तो अबकी बार ईरान अपनी फोर्स लेकर पड़ोसी मुस्लिम देशों के अंदर एंटर कर जाएगा। जो अमेरिका को सहयोग कर रहे हैं। अगर अब ईरान पर हमला हुआ तो ईरान की फौजी अपने पड़ोसी अरब देशों में घुस जाएंगी। यह थ्योरी पहले भी आती रही है, लेकिन इस बार खुद अमेरिकी मीडिया ने इसका आकलन किया है।

अमेरिकी अखबार वॉल स्ट्रीट जनरल का यह मानना है कि उनके पास यह रिपोर्ट है कि ईरान यह देखेगा कि मिड टर्म इलेक्शन के बाद प्रेसिडेंट ट्रंप ने ईरान पर अगर इसराइल के साथ मिलकर वापस से अटैक किया तो अबकी बार ईरान अपनी फोर्सेस लेकर पड़ोसी मुस्लिम देशों के अंदर एंटर कर जाएगा। अमेरिकी अखबार की ही खबर के मुताबिक इसके लिए ईरान में तैयारियां जबरदस्त हैं। वहां नौजवानों की फोर्स के लिए हायरिंग लगातार जारी है। जगह-जगह बिलबोर्ड लगाए गए हैं। माहौल बनाया जा रहा है कि लोग फोर्सेस में आए। यूथ को ट्रेनिंग देना भी शुरू कर दिया गया है। यानी ईरान का यह प्लान है कि जितने भी ख्ते के अरब मुल्क हैं और जो यूएस को सपोर्ट करते हैं, वहां ईरान अपनी सेना जमीन पर उतार देगा। 42000 की विशाल आर्मी ईरान के पास ग्राउंड पर है। इसके अलावा रेजिस्टेंस या मुकामत के लाखों लड़ाके जो अलग-अलग देशों में मौजूद हैं एडवांस हथियार और तकनीक के साथ ही बसीजी का एक बहुत बड़ा नेटवर्क जो सुप्रीम लीडर के अंडर काम करते हैं। वॉलस्टेट जनरल की रिपोर्ट में यह भी दावा किया गया है कि इस बार ईरान बड़े अटैक करेगा। खासकर ख्ते में तैनात अमेरिकी वॉरशिप या जंगी बेड़ों पर जो ईरान के आसपास के समंदर में तैनात हैं। अखबार का दावा है कि मिड टर्म का इंतजार कर रहे हैं ट्रंप वो और ज्यादा एग्रेसिव मोड में आएंगे इसके बाद। अभी ट्रंप इसलिए थोड़ा शांत दिख रहे हैं कि चुनाव चल रहा है अमेरिका में। वहां उनकी ईरान पर अटैक की नीति का विरोध भी हो रहा है। यही वजह है कि वह एनर्जी क्राइसिस वगैरह को सुधारने में अपना ध्यान लगा रहे हैं ताकि लोगों को शांत कर पाएं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Call Now