फोटो परिचय- मेडिकल कॉलेज में भर्ती घायलों का हालचाल लेते प्रभारी मंत्री अजीत सिंह पाल।

फोटो परिचय- हादसे में जान गंवाने वाले मृतकों की फाइल फोटो।
– प्रभारी मंत्री अजीत पाल सिंह ने परिजनों को सौंपे दो-दो लाख के सहायता चेक
– मेडिकल कॉलेज पहुंचकर घायलों का जाना हाल, 50-50 हजार की मदद
– विस्फोट की वजह पर जांच जारी, फॉरेंसिक टीम ने जुटाए घटनास्थल से साक्ष्य
CITY NEWS FATEHPUR
फतेहपुर(CNF)। मलवां कस्बे में हुए भीषण मकान ध्वस्तीकरण हादसे के बाद शासन-प्रशासन ने पीड़ित परिवारों की मदद का सिलसिला शुरू कर दिया है। प्रभारी मंत्री अजीत पाल सिंह ने मृतकों के परिजनों से मुलाकात कर मुख्यमंत्री की ओर से घोषित आर्थिक सहायता के चेक सौंपे। हादसे में जान गंवाने वाले प्रत्येक मृतक के परिवार को दो लाख रुपये तथा घायल लोगों को 50-50 हजार रुपये की सहायता दी गई।
सोमवार शाम करीब पांच बजे फल कारोबारी के मकान में खाना बनाते समय अचानक जोरदार विस्फोट हुआ था। धमाका इतना तेज था कि देखते ही देखते दो मंजिला मकान भरभराकर मलबे में तब्दील हो गया। घर में मौजूद कई लोग मलबे के नीचे दब गए। तेज धमाके से आसपास के इलाके में अफरातफरी मच गई और लोग अपने घरों से बाहर निकल आए।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन और फायर ब्रिगेड की टीमें मौके पर पहुंचीं। स्थानीय लोगों के सहयोग से राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया गया। मलबा हटाकर दबे लोगों को बाहर निकाला गया। गंभीर रूप से घायल लोगों को उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज भेजा गया, जहां उनका इलाज जारी है।
हादसे में कुणाल, आलोक, अर्पित, वेद और यश की मौत हो गई। मृतकों की उम्र छह से 25 वर्ष के बीच बताई गई है। एक ही परिवार में पांच मौतों से कोहराम मच गया। जिस घर में कुछ घंटे पहले तक बच्चों की आवाजाही और परिवार की चहल-पहल थी, वहां हादसे के बाद मातम छा गया।
मंगलवार को प्रभारी मंत्री अजीत पाल सिंह के साथ विधायक जयकुमार सिंह जैकी, जहानाबाद विधायक राजेंद्र सिंह पटेल, जिलाधिकारी निधि गुप्ता वत्स, पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक, उप जिलाधिकारी बिंदकी, क्षेत्राधिकारी और तहसीलदार ने घटनास्थल एवं पीड़ित परिवार का जायजा लिया। अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने परिजनों को ढांढस बंधाया और शासन की ओर से दी गई सहायता उपलब्ध कराई।
इसके बाद प्रभारी मंत्री ने मेडिकल कॉलेज पहुंचकर हादसे में घायल लोगों से मुलाकात की और चिकित्सकों से उनके उपचार की जानकारी ली। उन्होंने घायलों के बेहतर इलाज के लिए आवश्यक निर्देश भी दिए।
वहीं सपा के पूर्व जिलाध्यक्ष रामेश्वर दयाल दयालु गुप्ता और पूर्व ब्लॉक प्रमुख जितेंद्र सिंह जीतू ने भी मेडिकल कॉलेज पहुंचकर घायलों का हाल जाना। दोनों ने पोस्टमार्टम हाउस पहुंचकर मृतकों के परिजनों से मुलाकात की और घटना पर शोक व्यक्त किया।
विस्फोट की असली वजह तलाश रही जांच टीम
हादसे के पीछे गैस सिलेंडर में रिसाव को प्रारंभिक कारण माना जा रहा है, लेकिन विस्फोट की तीव्रता को देखते हुए घटना की विस्तृत जांच की जा रही है। फॉरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए हैं। जांच में यह भी पता लगाया जा रहा है कि विस्फोट केवल गैस सिलेंडर के कारण हुआ अथवा इसके पीछे कोई अन्य वजह थी। जांच पूरी होने के बाद ही हादसे के वास्तविक कारण की पुष्टि हो सकेगी।
धमाके से आसपास के मकानों में भी आई दरारें
विस्फोट की तीव्रता का असर आसपास के मकानों पर भी पड़ा। कई घरों में दरारें आने की बात सामने आई है। धमाके की आवाज काफी दूर तक सुनाई दी, जिसके बाद पूरे कस्बे में दहशत फैल गई। हादसे के बाद पुलिस और प्रशासन की टीमें मौके पर निगरानी बनाए हुए हैं। राहत कार्य के साथ-साथ क्षति का आकलन और घटना के कारणों की जांच भी जारी है।
